Social Media Age Limit in India, बच्चों की डिजिटल लत पर चिंता, सोशल मीडिया के लिए उम्र सीमा तय करने की तैयारी

Social Media Age Limit in India बच्चों की डिजिटल लत पर चिंता

Social Media Age Limit in India बच्चों की डिजिटल लत पर चिंता

Social Media Age Limit in India को लेकर सरकार स्तर पर गंभीर मंथन शुरू हो गया है। बच्चों और किशोरों में बढ़ती डिजिटल लत को देखते हुए भारत के मुख्य आर्थिक सलाहकार वी. अनंत नागेश्वरन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के लिए उम्र आधारित एक्सेस लिमिट तय करने पर विचार करने की सलाह दी है।

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Economic Survey 2026 में जताई गई चिंता

Economic Survey 2026 में कहा गया है कि कम उम्र के यूजर्स सोशल मीडिया के अत्यधिक इस्तेमाल और हानिकारक कंटेंट के प्रति ज्यादा संवेदनशील होते हैं। ऐसे में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर एज वेरिफिकेशन सिस्टम और उम्र के अनुसार सुरक्षित डिफॉल्ट सेटिंग्स लागू करने की जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए।

बच्चों के लिए सोशल मीडिया एक्सेस सीमित करने की जरूरत

मुख्य आर्थिक सलाहकार ने कहा कि बच्चों के मानसिक और शारीरिक विकास को ध्यान में रखते हुए सोशल मीडिया तक उनकी पहुंच को सीमित करना जरूरी हो सकता है। रिपोर्ट में यह भी सुझाव दिया गया है कि प्लेटफॉर्म्स को बच्चों के लिए अलग से सुरक्षा मानक अपनाने चाहिए।

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परिवारों की भूमिका भी अहम

CEA ने सिर्फ सरकार और कंपनियों ही नहीं, बल्कि परिवारों की भूमिका पर भी जोर दिया है। उन्होंने

  • बच्चों के स्क्रीन टाइम की सीमा तय करने,
  • दिन में कुछ समय डिवाइस-फ्री रखने,
  • और ऑफलाइन गतिविधियों को बढ़ावा देने की सिफारिश की है।

सोशल मीडिया कंपनियों के लिए बड़ा बाजार है भारत

भारत सोशल मीडिया कंपनियों के लिए दुनिया के सबसे बड़े बाजारों में से एक है। देश में लगभग 75 करोड़ स्मार्टफोन यूजर्स और करीब 1 अरब इंटरनेट यूजर्स हैं। इसके बावजूद फिलहाल भारत में सोशल मीडिया इस्तेमाल के लिए कोई एक समान न्यूनतम उम्र सीमा तय नहीं है।

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दूसरे देशों में पहले से लागू हैं नियम

दुनिया के कई देश इस दिशा में कदम उठा चुके हैं।

  • ऑस्ट्रेलिया ने 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया पर रोक लगाई है।
  • फ्रांस 15 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए बैन की तैयारी कर रहा है।
  • वहीं ब्रिटेन, डेनमार्क और ग्रीस भी सोशल मीडिया एज लिमिट पर विचार कर रहे हैं।

डिजिटल लत के नकारात्मक प्रभाव

Economic Survey के मुताबिक, स्मार्टफोन इस्तेमाल करने वाले युवाओं में

  • आधे से ज्यादा पढ़ाई के लिए डिजिटल प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करते हैं,
  • जबकि करीब 75 फीसदी सोशल मीडिया के लिए इसका उपयोग करते हैं।

रिपोर्ट में चेतावनी दी गई है कि डिजिटल लत का असर पढ़ाई, कामकाज की उत्पादकता, नींद और एकाग्रता पर नकारात्मक रूप से पड़ता है।

CEA की सिफारिशें बाध्यकारी नहीं

हालांकि मुख्य आर्थिक सलाहकार की सिफारिशें सरकार पर बाध्यकारी नहीं होतीं, लेकिन नीति निर्माण में इन्हें गंभीरता से लिया जाता है। इसी बीच गोवा और आंध्र प्रदेश जैसे राज्यों ने भी बच्चों के स्क्रीन टाइम और सोशल मीडिया रेगुलेशन पर अध्ययन शुरू कर दिया है।

FAQs – Social Media Age Limit in India

Q1. Social Media Age Limit in India क्या है?
भारत में सोशल मीडिया के लिए एक समान न्यूनतम उम्र सीमा तय करने पर विचार किया जा रहा है, ताकि बच्चों को हानिकारक कंटेंट और डिजिटल लत से बचाया जा सके।

Q2. सोशल मीडिया एज लिमिट की सलाह किसने दी है?
यह सलाह Economic Survey 2026 में भारत के मुख्य आर्थिक सलाहकार वी. अनंत नागेश्वरन ने दी है।

Q3. बच्चों के लिए सोशल मीडिया पर उम्र सीमा क्यों जरूरी मानी जा रही है?
कम उम्र के यूजर्स सोशल मीडिया के अत्यधिक इस्तेमाल और हानिकारक कंटेंट के प्रति ज्यादा संवेदनशील होते हैं, जिससे उनकी पढ़ाई, नींद और मानसिक स्वास्थ्य प्रभावित होता है।

Q4. क्या सोशल मीडिया कंपनियों पर नई जिम्मेदारी डाली जाएगी?
हाँ, रिपोर्ट के अनुसार सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को एज वेरिफिकेशन और उम्र के अनुसार सुरक्षित डिफॉल्ट सेटिंग लागू करने की जिम्मेदारी दी जा सकती है।

Q5. क्या CEA की सिफारिशें सरकार के लिए बाध्यकारी हैं?
नहीं, CEA की सिफारिशें बाध्यकारी नहीं होतीं, लेकिन नीति निर्माण में इन्हें गंभीरता से लिया जाता है।

Q6. कौन-कौन से देशों ने सोशल मीडिया पर उम्र सीमा लागू की है?
ऑस्ट्रेलिया, फ्रांस, ब्रिटेन, डेनमार्क और ग्रीस जैसे देशों ने या तो सोशल मीडिया पर उम्र सीमा लागू की है या इस पर विचार कर रहे हैं।

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