RIMS News: रिम्स रांची में गर्भस्थ शिशु के आनुवांशिक रोगों की समय रहते पहचान अब संभव, Genetic Testing की नई सुविधा शुरू

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Table of Contents

  1. रिम्स रांची की बड़ी उपलब्धि
  2. गर्भस्थ शिशु में Genetic Disorders की होगी समय पर पहचान
  3. झारखंड में पहली बार सफल Prenatal Genetic Diagnosis
  4. किन बीमारियों की होगी जांच
  5. जांच की पूरी प्रक्रिया
  6. कम लागत में मिलेगी आधुनिक जांच सुविधा
  7. एक वर्ष तक निःशुल्क मिलेगी जांच सुविधा

RIMS News: रिम्स रांची में गर्भस्थ शिशु के आनुवांशिक रोगों की समय रहते पहचान अब संभव, Genetic Testing की नई सुविधा शुरू

रांची: RIMS News के तहत राजधानी रांची स्थित राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान (RIMS) ने चिकित्सा क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। रिम्स के Department of Genetics & Genomics में अब गर्भस्थ शिशु में गंभीर आनुवांशिक (Genetic) रोगों की Prenatal Genetic Diagnosis सुविधा उपलब्ध हो गई है। इस सुविधा के माध्यम से गर्भावस्था के दौरान ही कई गंभीर आनुवांशिक बीमारियों की पहचान कर समय रहते उचित चिकित्सकीय परामर्श एवं निर्णय लिया जा सकेगा।

यह पहल न केवल झारखंड बल्कि पूर्वी भारत के स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए भी एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है।


RIMS News: अब गर्भ में ही होगी गंभीर Genetic Diseases की पहचान

रिम्स के विशेषज्ञों के अनुसार कई आनुवांशिक बीमारियां पीढ़ी-दर-पीढ़ी परिवारों में स्थानांतरित होती हैं। इनमें प्रमुख रूप से—

  • Sickle Cell Disease
  • Thalassemia
  • Duchenne Muscular Dystrophy (DMD)
  • Spinal Muscular Atrophy (SMA)

जैसी गंभीर बीमारियां शामिल हैं।

अब Prenatal Genetic Testing के माध्यम से गर्भ में पल रहे शिशु में इन रोगों की प्रारंभिक अवस्था में ही पहचान संभव होगी, जिससे प्रभावित परिवारों को समय रहते आवश्यक चिकित्सकीय एवं आनुवांशिक परामर्श मिल सकेगा।


डॉ. अनूपा प्रसाद ने बताया बचाव ही सबसे प्रभावी उपाय

Department of Genetics & Genomics की विभागाध्यक्ष डॉ. अनूपा प्रसाद ने बताया कि वर्तमान समय में अधिकांश Genetic Diseases का प्रभावी उपचार उपलब्ध नहीं है। ऐसे में इन बीमारियों की रोकथाम और समय रहते पहचान ही सबसे प्रभावी विकल्प है।

उन्होंने कहा कि Prenatal Genetic Diagnosis के माध्यम से परिवारों को सही समय पर वैज्ञानिक जानकारी उपलब्ध कराई जा सकती है, जिससे भविष्य में गंभीर आनुवांशिक रोगों से प्रभावित बच्चों के जन्म को रोका जा सकता है।


RIMS News: झारखंड में पहली बार सफल Prenatal Genetic Diagnosis

डॉ. अनूपा प्रसाद एवं डॉ. किरण त्रिवेदी के नेतृत्व में झारखंड में पहली बार इस सुविधा की शुरुआत की गई है।

अब तक—

  • 26 Prenatal Genetic Tests सफलतापूर्वक किए जा चुके हैं।
  • Genetic Counselling के आधार पर 2 Beta-Thalassemia तथा 2 Sickle Cell Disease से प्रभावित गर्भस्थ शिशुओं के जन्म को रोका गया है।
  • इसके अलावा पहली बार Beta-Ketothiolase Deficiency (ACAT1 Gene Mutation) जैसी अत्यंत दुर्लभ आनुवांशिक बीमारी का सफल Prenatal Diagnosis भी किया गया है।
  • Genetic Counselling की सहायता से इस दुर्लभ रोग से प्रभावित गर्भस्थ शिशु के जन्म को भी रोका गया।

किन सप्ताहों में उपलब्ध है जांच की सुविधा

RIMS News के अनुसार रिम्स रांची में निम्नलिखित अवधि के दौरान Prenatal Diagnosis कराया जा सकता है—

  • गर्भावस्था के 9–11 सप्ताह
  • गर्भावस्था के 16–20 सप्ताह

विशेषज्ञों का कहना है कि समय पर जांच कराने से बेहतर चिकित्सकीय निर्णय लेने में सहायता मिलती है।


जांच की प्रक्रिया कैसे होती है?

आनुवांशिक रोगों की जांच के लिए आधुनिक वैज्ञानिक प्रक्रिया अपनाई जाती है—

  • गर्भ से आवश्यक नमूना सुरक्षित रूप से लिया जाता है।
  • प्राप्त नमूने से DNA निकाला जाता है।
  • DNA का प्रारंभिक PCR Test किया जाता है।
  • इसके बाद रोग के अनुसार Sanger Sequencing अथवा MLPA Technology द्वारा विस्तृत Genetic Analysis किया जाता है।
  • रिपोर्ट तैयार होने के बाद विशेषज्ञ दंपति को विस्तृत Genetic Counselling प्रदान करते हैं।
  • पूरी जांच प्रक्रिया सामान्यतः 1 से 2 सप्ताह में पूरी हो जाती है।

RIMS News: निजी लैब की तुलना में बेहद कम खर्च

रिम्स रांची में इस आधुनिक Genetic Test की लागत मात्र ₹3,500 निर्धारित की गई है, जबकि निजी प्रयोगशालाओं में इसी प्रकार की जांच पर सामान्यतः ₹15,000 या उससे अधिक खर्च आता है।

इससे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को भी अत्याधुनिक जांच सुविधा सुलभ हो सकेगी।


एक वर्ष तक मिलेगी निःशुल्क जांच सुविधा

रिम्स प्रशासन के अनुसार DBT-Diagnosis Centre Project के तहत अगले एक वर्ष तक यह जांच पूरी तरह निःशुल्क उपलब्ध कराई जाएगी। इससे अधिक से अधिक जरूरतमंद परिवार इस सुविधा का लाभ उठा सकेंगे और आनुवांशिक रोगों की रोकथाम की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया जा सकेगा।


RIMS News: झारखंड के स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि

रिम्स रांची द्वारा शुरू की गई यह Prenatal Genetic Diagnosis सुविधा झारखंड के स्वास्थ्य क्षेत्र में एक ऐतिहासिक उपलब्धि मानी जा रही है। आधुनिक Genetic Testing, विशेषज्ञ Genetic Counselling और कम लागत वाली जांच सुविधा के माध्यम से हजारों परिवारों को समय रहते गंभीर आनुवांशिक बीमारियों से बचाव का अवसर मिलेग

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